उत्तराखंड सरकार ने नई महक नीति 2026–36 को मंजूरी दी। किसानों को इत्रीय और औषधीय पौधों की खेती पर सब्सिडी, दिव्यांग विवाह अनुदान दोगुना।
किसानों को इत्रीय व औषधीय पौधों की खेती पर सब्सिडी
देहरादून। उत्तराखंड कैबिनेट ने मंगलवार को राज्यहित में कई अहम फैसले लिए। इनमें सबसे बड़ा निर्णय “महक नीति 2026–36” को मंजूरी देना रहा। इस नीति के तहत अब राज्य के किसानों को इत्रीय (सुगंधित) और औषधीय पौधों की खेती के लिए सब्सिडी और तकनीकी सहायता मिलेगी।
सरकार का मानना है कि इस नीति से न केवल किसानों की आमदनी बढ़ेगी बल्कि उत्तराखंड को हर्बल और एरोमा उत्पादों का केंद्र बनाने में भी मदद मिलेगी।
🌱 क्या है महक नीति?
महक नीति (Aroma Revolution Policy) एक 10 साल की दीर्घकालिक योजना है। इसके अंतर्गत राज्य में गुलाब, लैवेंडर, लेमनग्रास, पुदीना, तुलसी, रोजमेरी, कैमोमाइल और अन्य औषधीय पौधों की खेती को बढ़ावा दिया जाएगा।
नीति की खास बातें:
- किसानों को पौधों के बीज और पौध सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी।
- खेती के लिए सब्सिडी, प्रशिक्षण और आधुनिक तकनीक का सहयोग मिलेगा।
- उत्पादों के लिए प्रोसेसिंग यूनिट और विपणन नेटवर्क विकसित किए जाएंगे।
- अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निर्यात को बढ़ावा मिलेगा।
उत्तराखंड कैबिनेट का बड़ा फैसला — पारित हुई नई “महक नीति”
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