!-->
यह राशि उपभोक्ताओं को फ्यूल एंड पावर परचेज कॉस्ट एडजस्टमेंट (FPPC) व्यवस्था के तहत रिबेट (छूट) के रूप में लौटाई जा रही है।
!-->
!-->
!-->
!-->
!-->
!-->
!-->
>!-->
>!-->
!-->
!-->
मुख्य सचिव आनंद भगवान ने राज्य की तीन प्रमुख बिजली कंपनियों — Uttarakhand Power Corporation Limited (UPCL), Uttarakhand Jal Vidyut Nigam Limited (UJVNL) और Power Transmission Corporation of Uttarakhand Limited (PITCUL) में सतर्कता (विजिलेंस) तंत्र स्थापित करने का निर्देश दिया है।
इस तंत्र का उद्देश्य बिजली क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाना और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाना है। मुख्य सचिव ने कहा कि इन संस्थानों की बोर्ड बैठकों में इसे लागू किया जाए और त्रैमासिक समीक्षा सुनिश्चित की जाए।
यह कदम राज्य में
!-->
उत्तराखंड के औद्योगिक क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। राज्य में जल्द ही बिजली महंगी हो सकती है, जिसका सीधा असर यहां की औद्योगिक इकाइयों (Industrial Units) पर पड़ेगा। मिली जानकारी के अनुसार, उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (UPCL) ने औद्योगिक उपभोक्ताओं पर 1.09 रुपये प्रति यूनिटका अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रस्ताव किया है। यह शुल्क बढ़ोतरी न केवल राज्य की औद्योगिक प्रतिस्पर्धा को प्रभावित कर सकती है, बल्कि उत्पादन लागत में भी इजाफा कर सकती है, जिसका अंतिम भार उपभोक्ताओं पर ही
Welcome, Login to your account.
Welcome, Create your new account
A password will be e-mailed to you.